दिवंगत कुँग फू लेजेंड ब्रूस ली की ५०वीं पुण्यतिथि पर दुनिया भर से ब्रूस ली के फैन्स उनके सम्मान में गुरूवार को हॉन्ग कॉन्ग स्थित उनकी प्रतिमा के सामने एकत्रित हुए.
हॉन्ग कॉन्ग के विक्टोरिया हार्बर पर स्थित ब्रूस ली की विशाल कांस्य प्रतिमा के आगे खड़े होकर बड़ी संख्या में फैन्स ने फोटो खिचवाई,फूल चढ़ाए और ब्रूस ली के आदर में अपना सर झुकाया.
ब्रूस ली ५० वीं पुण्यतिथि विशेष : ब्रूस ली की निजी जिंदगी
इस वर्ष उस महान हस्ती की ५० वीं पुण्यतिथि है,जिसने अपनी फिल्मों के माध्यम से मार्शल आर्ट को लोकप्रिय और वैश्विक बनाया. उनके इस योगदान को सदैव याद रखा जाएंगा. इस महान व्यक्ति के निधन को ५० वर्ष पूर्ण हो चुके है,लेकिन फिर भी उनका प्रभाव आज भी दुनियाभर पर है.
१९૪० में सैन फ्रांसिस्को में ली जून-फैन के रूप में पैदा हुए ब्रूस ली, २० वी सदी के सबसे सम्मोहक मार्शल आर्टिस्ट के रूप में दुनिया भर में प्रसिद्ध है. ली की यात्रा हांगकांग से शुरू हुई, जहां उन्होंने बचपन में मार्शल आर्ट सीखा और कई फिल्मों में अभिनय किया. उनके करियर की उड़ान तब शुरू हुई जब वह किशोरावस्था में अमेरिका चले गए, जहां उन्होंने अंततः पश्चिम को मार्शल आर्ट और पारंपरिक पूर्वी दर्शन से परिचित कराया.
गुरुवार को, ब्रूस ली की 50वीं बरसी पर, कई प्रशंसकों ने कैपिटल हिल पर लेक व्यू स्थित कब्रिस्तान में उनके कब्र के चारों ओर एक घेरा बनाया. उनकी पत्नी लिंडा ली कैडवेल के समर्थकों ने उन्हें गले लगाया और उनके साथ तस्वीरें लीं, जबकि अन्य फैन्स ने मोमबत्तियां जलाई और घटनास्थल पर चमकीले फूल चढ़ाए.